भाजपा सरकार द्वारा गांव, गरीब एवम गांधी की विचारधारा को खत्म करने का प्रयास- डॉ.नीरज त्रिपाठी
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉ. नीरज त्रिपाठी जी एवम जिला उपाध्यक्ष व सदस्य पीसीसी डॉ.प्रशान्त देव शुक्ल जी द्वारा आज जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय पर आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित किया गया।

भाजपा सरकार द्वारा गांव, गरीब एवम गांधी की विचारधारा को खत्म करने का प्रयास- डॉ.नीरज त्रिपाठी
डा० शक्ति कुमार पाण्डेय
ग्लोबल भारत न्यूज नेटवर्क
प्रतापगढ़, 10 जनवरी।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉ. नीरज त्रिपाठी जी एवम जिला उपाध्यक्ष व सदस्य पीसीसी डॉ.प्रशान्त देव शुक्ल जी द्वारा आज जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय पर आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित किया गया।

प्रेस वार्ता में उन्होंने केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस मनरेगा और ग्रामीण गरीबों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए सड़क से संसद तक संघर्ष करेगी।
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए डॉ. नीरज त्रिपाठी ने कहा कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की तीन स्पष्ट मांगें हैं –
1️⃣ VB GRAM G कानून को तत्काल वापस लिया जाए।
2️⃣ MGNREGA को अधिकार आधारित कानून के रूप में पूरी तरह बहाल किया जाए।
3️⃣ काम के अधिकार और पंचायतों के संवैधानिक अधिकारों को पुनः स्थापित किया जाए।
उन्होंने कहा कि इन्हीं मांगों को लेकर कांग्रेस पार्टी द्वारा 10 जनवरी से 25 फरवरी 2026 तक देशव्यापी “मनरेगा बचाओ संग्राम” चलाया जा रहा है, जो काम के अधिकार की रक्षा के लिए एक राष्ट्रीय अभियान है।
डॉ. त्रिपाठी ने कहा कि मनरेगा कोई चैरिटी नहीं, बल्कि कानून द्वारा प्रदत्त गारंटी है। इस योजना से करोड़ों गरीबों को अपने गांवों में रोजगार मिला, पलायन रुका, ग्रामीण मजदूरी बढ़ी और महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता मजबूत हुई। लेकिन केंद्र सरकार द्वारा लाया गया VB GRAM G इसी अधिकार को समाप्त करने की साजिश है।
उन्होंने आरोप लगाया कि-
⦿ काम का अधिकार खत्म होकर केवल अनुमति तक सीमित हो जाएगा।
⦿ सीमित बजट के कारण संकट के समय काम बंद हो जाएगा।
⦿ दिल्ली से काम और फंड तय होने पर पंचायतें और ग्राम सभाएं कमजोर होंगी।
⦿ 60 दिन का कार्य ब्लैकआउट सबसे जरूरतमंद समय में काम न देने को वैध बना देगा।
⦿ मजदूरी असुरक्षित और घटाई जा सकने वाली हो जाएगी।
⦿ राज्यों पर 40% फंड का बोझ डालकर संघीय ढांचे को कमजोर किया जाएगा।
⦿ बायोमेट्रिक व ऐप आधारित तकनीकी अड़चनों से मजदूर बाहर किए जाएंगे।
⦿ गांव की जरूरतों के बजाय ठेकेदार मॉडल की परियोजनाएं थोप दी जाएंगी।
इस अवसर पर मनरेगा कोऑर्डिनेटर रवि भूषण सिन्हा जी एवम जिला प्रवक्ता एडवोकेट मासूम हैदर ने भी प्रेस वार्ता को संबोधित किया और कहा कि “मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत कांग्रेस पार्टी द्वारा एक सुसंगठित और चरणबद्ध आंदोलन चलाया जा रहा है। 8 जनवरी को PCC स्तर की तैयारी बैठक, 10 जनवरी को जिला स्तरीय प्रेस कॉन्फ्रेंस, 11 जनवरी को एक दिवसीय उपवास एवं प्रतीकात्मक विरोध, 12 से 29 जनवरी तक पंचायत स्तर पर जनसंपर्क, चौपालों का आयोजन, कांग्रेस अध्यक्ष श्री मल्लिकार्जुन खड़गे जी एवं नेता प्रतिपक्ष श्री राहुल गांधी जी के पत्रों का वितरण किया जाएगा। इसके बाद 30 जनवरी को वार्ड स्तरीय शांतिपूर्ण धरना, 31 जनवरी से 6 फरवरी तक जिला स्तरीय ‘मनरेगा बचाओ’ धरना, 7 से 15 फरवरी तक राज्य स्तरीय विधानसभा घेराव तथा 16 से 25 फरवरी तक AICC के नेतृत्व में आंचलिक रैलियां आयोजित की जाएंगी।”
उन्होंने कहा कि यह आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और जनहित में है तथा इसमें गांव-गांव के मजदूर, रोजगार सेवक और पंचायत प्रतिनिधि बढ़-चढ़कर भाग लेंगे।
अंत में डॉ. नीरज त्रिपाठी ने दोहराया कि मनरेगा पर हमला करोड़ों मेहनतकश मजदूरों और उनके संवैधानिक अधिकारों पर सीधा हमला है, जिसे कांग्रेस पार्टी किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने देगी और हर पंचायत से लेकर संसद तक मजबूती से इसका विरोध जारी रहेगा।
प्रेस वार्ता में मुख्य रूप से कोषाध्यक्ष वेदान्त तिवारी, नगर अध्यक्ष मो.इस्तियाक, जिला उपाध्यक्ष एवम SIR निगरानी कमेटी के प्रभारी रामशिरोमणि वर्मा,जिला सचिव विजय प्रताप त्रिपाठी, जिला प्रवक्ता सुरेश मिश्र,जिला महासचिव चन्द्रनाथ शुक्ल, राम रतन तिवारी, सुधीर तिवारी, विस्वास सिंह आदि उपस्थित रहे l




